सितारे प्यार के

तुम्हें ढूँढता हूँ मैं  रात के चांदनी भरे आसमान में ,

तुम्हारी चमकती आँखों को याद कराती हूँ मैं ,

सितारों को देख के ! 

दो अनजान अजनबी दिल एक हुए जिस दिन ,

याद करती हूँ उस पल की जब तुम मुझे मिली !

दिल को ऐसा लगा की मै छुपा भी न सकूँ ,

कितना मै चाहने लगी हूँ ,

बस एक नजर में तुमको !

शायद किस्मत भी ,यही चाहती थी की ,

तुम मेरी आँखों की तारा बन जाओ !

छोड़ ना सकू मै तुमको कभी ,

चाहे आंधी या तूफान भी ना क्यों आ जाए !

हजारों और लाखों मैं सुनूंगी मैं तुमको ,

तुम फूल हो या काँटा ,

रहूंगी मै हमेशा तुम्हारी !

ओह मेरे प्यार! मुझे ऐसा प्यार करों कि,

मैं दुनिया भूल जाऊं!

चाहे दिन हो या रात ,

मैं तुम्हारी यादों में खो जाऊं!

मैं तुम्हारी हूँ और सिर्फ ,तुम्हारी बन के रहूंगी !

                        -मीनाक्षी बोरो